रक्त दान पर विशेष आलेख
रक्त दान क्यों महदान कहलाता है । जैसा की हम सभी लोग रक्त की अहमियत को जानते है ! रक्त अमूल्य है ये उन लोगो से बढ़कर आपको कोई नही बता सकता जो गंभीर बीमारियों के चलते अपने जीवन को बचाने के लिए जिन्हे रक्त की आवश्यकता होती है । उनके लिए रक्त देने वाला व्यक्ति ईश्वर के समान ही कहलाता है जो कि उनके अमूल्य जीवन को उस समय बचाने की अहम भूमिका निभाता है। आइए रक्तदान से संबंधित कुछ बहुमूल्य तथ्यों पर विचार डालते हैं।
1. रक्तदान करने का सही तरीका
हालांकि रक्तदान कोई भी कर सकता है परंतु रक्तदान करने से पूर्व यदि हम जांच करवाने तो बेहतर रहता है कि हम जांच करवा सकते हैं कि नहीं फिर भी एक नियम बनाया गया है जिसे हम सभी फॉलो कर सकते हैं जैसे कि रक्तदान करने वाले रक्तदाता की उम्र 18 साल से ऊपर एवं वजन 50 किलो होना चाहिए साथ साथ, हीमोग्लोबिन की मात्रा भी 13% की हो तो बेहतर है ताकि रक्तदाता को रक्तदान करने के पश्चात किसी भी प्रकार की परेशानी का सामना ना करना पड़े।
2. रक्तदान से लाभ
नियमित रूप से रक्तदान करने से रक्तदाता को हार्ट अटैक के खतरे की संभावना कम हो जाती है। एक स्वस्थ व्यक्ति को हर 3 महीने में रक्तदान अवश्य करना चाहिए ताकि उसके शरीर में आयरन की मात्रा सही बनी रहती है, और रक्तदान करने के पश्चात 24 घंटे के बाद रक्त सेल बनने की प्रक्रिया पुनः शुरू हो जाती है। यदि आप एक हेल्थी डाइट लेते हैं और काफी वर्क आउट भी करते हैं तो रक्तदान की प्रक्रिया के द्वारा आपका वजन कंट्रोल रहता है।
3 .आखिर रक्तदान क्यों करना चाहिए
रक्तदाता के द्वारा किया गया एक बहुत ही महत्वपूर्ण व पुण्य का काम कहलाता है जो कि बहुत ही श्रेष्ठ है हम हमारे रक्तदान से किसी का अमूल्य जीवन बचा सकते हैं कोरोना काल जैसी विषम परिस्थिति और महामारी ने यह साबित कर दिया कि रक्तदान से बड़ा बढ़कर कोई भी दान नहीं है यदि आप अपना खानपान और स्वास्थ्य का पूर्ण तरह ख्याल रखते हैं तो यह दान ,मानव सेवा के हित का कार्य आप भी कर सकते हैं। इसके करने से अंतर्मन को खुशी प्राप्त तो होती ही है बल्कि किसी की जान बचा कर किसी के काम आकर हमारे अंदर मानव सेवा का भाव भी उत्पन्न होता है।
4. रक्तदाता को रक्तदान कहां करना चाहिए
आमतौर पर हमको रक्तदान तब करते हैं जब किसी को आवश्यकता होती है परंतु एक स्वस्थ व्यक्ति के द्वारा यह प्रक्रिया 3 महीने में एक बार हम ब्लड बैंक में कर सकते हैं ब्लड बैंक में ब्लड डोनेट करने से रक्त को सुरक्षित रखा जाता है, जिसके द्वारा जरूरत पड़ने पर आपातकालीन परिस्थिति में मरीज की जान भी बताई जाती है बड़े-बड़े अस्पतालों में ब्लड डोनर बैंक बने हुए है। डॉक्टर की सलाह लेते हुए रक्तदान करने से आपको कभी किसी प्रकार की परेशानी नहीं होती।
आज समय आ गया है कि हम सब मिलकर रक्तदान के प्रति जागरूकता फैलाएं स्वयं को स्वस्थ बनाए रखने की यह एक बहुत ही अच्छी प्रक्रिया है हम अपने अपनों का ध्यान रखें और रक्तदान जैसे श्रेष्ठ महान दान द्वारा कई मासूम जिंदगियों को बचाकर एक पुण्य का काम कर सकते हैं। सामाजिक जागृति के लिए कई समाजसेवी संगठन मिलकर यह कार्य कर रहे हैं माह में शिविर लगाना और जरूरतमंद को रक्तदाता के द्वारा दान किए रक्त को पहुंचाना उनका श्रेष्ठ और हितकर कार्य हो गया है।
आपके सामने एक मिथक प्रस्तुत कर रही हूं कहा जाता है कि महिलाओं को रक्तदान नहीं करना चाहिए ! परंतु सत्य तो यह है कि यदि महिलाएं अपना स्वास्थ्य का ख्याल रखें और उन में हीमोग्लोबिन की मात्रा यदि 14 से ऊपर एवं वजन 50 से ऊपर हो तो वह भी 4 महीने में एक बार रक्तदान की प्रक्रिया अवश्य कर सकती है यह उनके लिए स्वस्थ लाभ देगी। बस महत्वपूर्ण यह है कि हम रक्तदान यदि प्रथम बार कर रहे हैं तो पूरी तरह से डॉक्टर से जरूर परामर्श लें।
प्रतिभा दुबे (स्वतंत्र लेखिका)
ग्वालियर मध्य प्रदेश
यह आलेख पूरी तरह सर्वाधिकार सुरक्षित है एवम् यह लेखक के स्वयं के विचार हैं ।
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